अगर आप हर साल 20,000 रुपये (कुल 1 लाख रुपये पाँच साल के लिए) अपने बेटी के नाम Sukanya Samriddhi Yojana (SSY) में जमा करते हैं, तो योजना की मौजूदा दर और नियमों के अनुसार आप आज लगभग ₹13,97,860 तक की राशि पा सकती हैं। SSY का उद्देश्य लड़कियों की शिक्षा और विवाह पर आर्थिक सुरक्षा सुनिश्चित करना है, और यह जीत-जीत की योजना है कम जमा, उच्च लाभ, और दीर्घकालिक सुरक्षा।
SSY में जमा पर ब्याज दर सरकार द्वारा समय-समय पर तय होती है, और साथ ही जमा की न्यूनतम और अधिकतम सीमा भी निर्धारित होती है। वर्तमान में यदि आप सालाना 20,000 रुपये तय करके नियमित रूप से जमा करते रहें, तो 21 वर्ष पूरे होने तक आपके जमा + ब्याज की राशि लगभग 14 लाख रुपये बन सकती है। यह राशि बेटी के उच्च अध्ययन या शादी आदि में बहुत काम आएगी।
| शर्त / जानकारी | विवरण |
|---|---|
| न्यूनतम वार्षिक जमा | ₹250 (परन्तु लाभ प्राप्ति के लिए ₹1,500 प्रति वर्ष वांछित) |
| अधिकतम वार्षिक जमा | ₹1.5 लाख (कुल मिलाकर) |
| प्रस्तावित वार्षिक जमा (उदाहरण) | ₹20,000 |
| अनुमानित राशि (21 साल के बाद) | ₹13,97,860 (लगभग) |
| ब्याज दर | सरकार द्वारा तय (समय-समय पर बदलती) |
| कर स्थिति | maturity पर पूरी राशि टैक्स-फ्री |
| खाता खोलने की अंतिम तिथि | (खाता खोलने की कोई निश्चित अंतिम तिथि नहीं, लेकिन बेटी की उम्र 10 साल से कम होनी चाहिए) |
| आवेदन स्थान | नजदीकी पोस्ट ऑफिस या मान्यता प्राप्त बैंक शाखा |
| आवश्यक दस्तावेज | बेटी का जन्म प्रमाण पत्र, माता-पिता/किया हुआ परिचय पत्र |
SSY की सबसे बड़ी खूबी ये है कि निवेश पर मिलने वाला ब्याज टैक्स-फ्री होता है, यानी maturity पर प्राप्त राशि पूरी तरह से आपके लिए होती है। इसके अलावा, सरकार का समर्थन और पोस्ट ऑफिस या मान्यता प्राप्त बैंक शाखा द्वारा सेवा उपलब्ध-ता इसे आसान बनाते हैं। अगर आपने अभी तक खाता नहीं खोला है, तो आपको एक बार सिर्फ जन्म प्रमाण-पत्र और पहचान पत्र आदि दस्तावेज लेकर नजदीकी पोस्ट ऑफिस या बैंक में जाना होगा।
फिलहाल 2025 में, SSY खाता खुलवाने और जमा करने की कोई पूर्व निर्धारित “आवेदन की अंतिम तिथि” नहीं है योजना सतत जारी है, जब तक बेटी की उम्र 10 साल से कम है। इसलिए अगर आपकी बेटी 10 साल से कम आयु की है, आप कभी भी खाता खोल सकते हैं।
आवेदन की स्थिति (स्टेटस) जानने के लिए आप अपनी पासबुक देखें या जहां खाता खुलवाया था वहाँ जाकर जानकारी ले सकते हैं। कई बैंक व पोस्ट ऑफिस शाखाएँ इंटरनेट बैंकिंग या ग्राहक सेवा के माध्यम से भी अपडेट देती हैं।


